प्रदेश में गठित होंगी 643 नई पैक्स समितियां, सहकारिता क्षेत्र को पारदर्शी और सशक्त बनाने पर जोर

देहरादून 28 जनवरी ।
प्रदेश में गठित होंगी 643 नई पैक्स समितियां, सहकारिता क्षेत्र को पारदर्शी और सशक्त बनाने पर जोर
सूबे के सहकारिता मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने आज शासकीय आवास पर सहकारिता विभाग की समीक्षा बैठक की। बैठक में उन्होंने 643 नई बहुउद्देश्यीय पैक्स (PACS) समितियों के गठन, अनाज भंडारण योजना, तीन नई राष्ट्रीय सहकारी समितियों और फरवरी में गुजरात में प्रस्तावित सहकारिता सम्मेलन की तैयारियों पर विस्तृत चर्चा की।
डॉ. रावत ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि गुजरात सम्मेलन की सभी तैयारियाँ समयबद्ध ढंग से पूरी हों। उन्होंने कहा कि सहकारिता क्षेत्र को पारदर्शी, सुदृढ़ और आत्मनिर्भर बनाने के लिए सभी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए।
सचिव सहकारिता डॉ. इकबाल अहमद ने बताया कि 643 नई पैक्स समितियों में से 621 का गठन पहले ही पूरा किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि निबंधक कार्यालय के निर्माण के लिए चिन्हित भूमि पर शीघ्र कार्य प्रारंभ किया जाएगा। साथ ही, जिला सहकारी बैंकों में 177 रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया आईबीपीएस के माध्यम से संपन्न की जाएगी।
सचिव सहकारिता ने यह भी बताया कि कैडर नियमावली में संशोधन कर 350 प्रोफेशनल सचिवों की नियुक्ति की जाएगी। इसके अतिरिक्त, सहकारी समिति अधिनियम-2003 और नियमावली-2004 में आवश्यक संशोधन कर समितियों को और अधिक पारदर्शी एवं सशक्त बनाया जाएगा।
निबंधक सहकारिता डॉ. मेहरबान सिंह बिष्ट ने बताया कि सहकारी संस्थाओं के डिजिटलीकरण और मानव संसाधन सुदृढ़ीकरण से सहकारिता आंदोलन को नई दिशा मिल रही है। हरिद्वार में चार पैक्स में 1000 मेट्रिक टन क्षमता के गोदाम हेतु भूमि चयन और डीपीआर तैयार कर ली गई है। राज्य के विभिन्न जनपदों में 50 से 500 मेट्रिक टन क्षमता के कुल 95 गोदाम बनाने की प्रक्रिया भी जारी है।
तीन बहु-राज्यीय सहकारी समितियों के गठन के तहत एनसीओएल और भारतीय बीज सहकारी समिति लिमिटेड के साथ समझौते किए जाएंगे। इसके अलावा, सहकारिता कानून में आवश्यक बदलावों के लिए विशेषज्ञ समिति का गठन किया गया है, जिसने सुझाव शासन को अनुमोदन हेतु भेजे हैं।
डॉ. रावत ने कहा कि वे दो सप्ताह बाद पुनः समीक्षा बैठक करेंगे, जिसमें गुजरात सम्मेलन से संबंधित सभी तैयारियाँ पूरी हो जाएँ।
बैठक में सचिव सहकारिता डॉ. इकबाल अहमद, निबंधक सहकारिता डॉ. मेहरबान सिंह बिष्ट, उप सचिव सुरेंद्र दत्त बेलवाल, अपर निबंधक ईरा उप्रेती, संयुक्त निबंधक एम.पी. त्रिपाठी, उप निबंधक रमिंद्री मंदरवाल और सहायक निबंधक राजेश चौहान उपस्थित रहे।