*मुख्यमंत्री संस्कृति संवर्धन पहल से जुड़ा नशा मुक्ति अभियान, नागनाथ व हिंगला देवी मंदिर में जिलाधिकारी ने की किट वितरित*

चम्पावत 10 फरवरी 2026,

*मुख्यमंत्री संस्कृति संवर्धन पहल से जुड़ा नशा मुक्ति अभियान, नागनाथ व हिंगला देवी मंदिर में जिलाधिकारी ने की किट वितरित*

जनपद चम्पावत में नशा मुक्ति को जनआंदोलन का स्वरूप देने की दिशा में जिला प्रशासन ने संस्कृति और आस्था को जोड़ते हुए एक प्रेरक पहल की है। माननीय मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी के मार्गदर्शन तथा जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार के नेतृत्व में “मुख्यमंत्री संस्कृति संवर्धन पहल – कला, परंपरा और पहचान” और “नशा मुक्त भारत, नशा मुक्त देवभूमि” अभियान के अंतर्गत नागनाथ मंदिर एवं हिंगला देवी मंदिर में संस्कृति संवर्धन किट भेंट की गई।

यह पहल केवल एक औपचारिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि संस्कृति, आध्यात्म और सामाजिक उत्तरदायित्व को एक सूत्र में पिरोते हुए युवाओं को नशे से दूर रखने और समाज में व्यापक जनजागरूकता फैलाने का सशक्त प्रयास है। जिला प्रशासन का उद्देश्य सांस्कृतिक विरासत को जनजागरण का माध्यम बनाते हुए सामाजिक बुराइयों के विरुद्ध सामूहिक चेतना विकसित करना है।

इस अवसर पर जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार ने मंदिरों में विधिवत पूजा-अर्चना कर जनपद की सुख-समृद्धि, शांति एवं सतत प्रगति की कामना की। उन्होंने मंदिर परिसरों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया तथा स्थानीय जनप्रतिनिधियों और मंदिर समितियों से संवाद कर सहयोग की अपेक्षा व्यक्त की।

जिलाधिकारी ने कहा कि मुख्यमंत्री के विज़न के अनुरूप जनपद में संस्कृति संरक्षण और नशा मुक्ति को एक साथ जोड़ते हुए व्यापक सामाजिक जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। धार्मिक एवं सांस्कृतिक स्थलों को इस मुहिम से जोड़ना इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि ये स्थान समाज को नैतिक दिशा देने, सकारात्मक सोच विकसित करने और सामुदायिक एकता को सुदृढ़ करने के केंद्र होते हैं।

उन्होंने जानकारी दी कि “मुख्यमंत्री संस्कृति संवर्धन पहल” के अंतर्गत विभिन्न धार्मिक, शैक्षिक और सामुदायिक संस्थानों को संस्कृति संवर्धन किट प्रदान की जा रही हैं। इन किटों में धार्मिक एवं सांस्कृतिक पुस्तकें, पारंपरिक वाद्य यंत्र तथा नशा मुक्ति से संबंधित जनजागरूकता सामग्री शामिल है। इन माध्यमों से युवाओं को अपनी जड़ों, लोक परंपराओं और रचनात्मक गतिविधियों से जोड़ते हुए नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया जा रहा है।

जिलाधिकारी ने कहा कि नशा व्यक्ति, परिवार और समाज—तीनों के भविष्य को प्रभावित करता है। यह न केवल स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव डालता है, बल्कि सामाजिक ताने-बाने को भी कमजोर करता है। इसलिए आवश्यक है कि जागरूकता का संदेश केवल कार्यक्रमों तक सीमित न रहकर जन-जन तक पहुँचे। धार्मिक स्थलों से दिया गया यह संदेश नैतिक चेतना और सकारात्मक जीवन मूल्यों को सुदृढ़ करता है, जो युवाओं को नशे से दूर रहने की प्रेरणा देता है।

कार्यक्रम में उपस्थित संत-महात्माओं और मंदिर प्रतिनिधियों ने इस पहल की सराहना करते हुए इसे समाजहित में अनुकरणीय प्रयास बताया तथा नशा मुक्ति अभियान में सक्रिय सहयोग का आश्वासन दिया।

इस अवसर पर नागनाथ मंदिर में महंत शंकर नाथ रावल, श्री 1008 अशोक गिरी महाराज, दर्जा राज्यमंत्री श्याम नारायण पांडेय, विधायक प्रतिनिधि प्रकाश तिवारी, विकास साह, सुनील साह, कमल राय, सभासद बबीता प्रहरी, गौरव पांडेय, रोहित बिष्ट, सनी वर्मा, माधवानंद खर्कवाल, देवेंद्र वर्मा, राजेंद्र वर्मा, मनोज पांडेय, लोकेश पांडेय, मुकुल पांडेय, खंड विकास अधिकारी अशोक अधिकारी सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।