*“बाल श्रम के विरुद्ध चंपावत प्रशासन की सख्त कार्रवाई – जागरूकता और रेस्क्यू अभियान”*

चंपावत 03 जुलाई 2025,

*“बाल श्रम के विरुद्ध चंपावत प्रशासन की सख्त कार्रवाई – जागरूकता और रेस्क्यू अभियान”*

जिलाधिकारी चंपावत श्री मनीष कुमार के निर्देशानुसार, जनपद में “बाल श्रम / पैन इंडिया रेस्क्यू अभियान” चलाया गया। जिला प्रोबेशन अधिकारी / जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री पी.एस. बृजवाल के नेतृत्व में संचालित इस अभियान के अंतर्गत बनबसा बाजार क्षेत्र के होटल, ढाबों, दुकानों और अन्य प्रतिष्ठानों का गहन निरीक्षण किया गया।

निरीक्षण के दौरान किसी भी प्रतिष्ठान में कोई बाल श्रमिक कार्यरत नहीं पाया गया, जो जिले में बाल श्रम के विरुद्ध बढ़ती जागरूकता और सतर्कता का सकारात्मक संकेत है।

अभियान के दौरान टीम ने दुकानदारों और प्रतिष्ठान मालिकों को बाल श्रम निषेध अधिनियम से जुड़े कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी और उन्हें सख्त चेतावनी दी गई कि 18 वर्ष से कम आयु के बच्चों को कार्य पर रखना दंडनीय अपराध है। इस संबंध में सभी प्रतिष्ठान स्वामियों से शपथ पत्र भरवाए गए, जिसमें उन्होंने भविष्य में किसी भी बाल श्रमिक को नियोजित न करने का संकल्प व्यक्त किया।

साथ ही, आमजन को सरकारी योजनाओं जैसे चाइल्ड प्रोटेक्शन, स्पॉन्सरशिप योजना और चाइल्ड हेल्पलाइन सेवाओं की जानकारी भी दी गई, ताकि समाज के वंचित और असहाय बच्चों को समुचित सहायता मिल सके।

इस अभियान के दौरान क्षेत्र में दो अनाथ बच्चे भी चिन्हित किए गए, जिन्हें स्पॉन्सरशिप योजना के अंतर्गत लाभान्वित करने की कार्यवाही की जा रही है।

रेस्क्यू टीम में श्रम प्रवर्तन अधिकारी श्री देवेश पांडे, वरिष्ठ सहायक श्री सूरज बिष्ट, संरक्षण अधिकारी श्रीमती मीनू पंत त्रिपाठी, चाइल्ड हेल्पलाइन जिला समन्वयक श्रीमती संतोषी, केस वर्कर श्रीमती कंचन पंत, एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग एस.ओ. इंद्रजीत, तथा कांस्टेबल जगदीश प्रसाद और राकेश चंद्र सहित अन्य कार्मिक शामिल रहे।